सनातन धर्म ही सारी दुनिया में लोकमंगल की करता है कामना : स्वामी नरेंद्रानंद
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- May 5, 2023
जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी नरेंद्रानंद महाराज ने कहा की भारत के ऋषि मुनियों की त्याग तपस्या से ही दुनिया बची हुई है। क्योंकि भारत के ऋषि मुनि संपूर्ण पृथ्वी पर जीव जंतु मानव के लोक
जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी नरेंद्रानंद महाराज ने कहा की भारत के ऋषि मुनियों की त्याग तपस्या से ही दुनिया बची हुई है। क्योंकि भारत के ऋषि मुनि संपूर्ण पृथ्वी पर जीव जंतु मानव के लोक कल्याण की कामना करते हैं। पूज्य महाराज जी ने यह बातें वनखण्डी महादेव मन्दिर, करनैलगंज (गोण्डा) में आयोजित कार्यक्रम में कही। श्री काशी सुमेरु पीठाधीश्वर अनन्त श्री विभूषित जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी नरेन्द्रानन्द सरस्वती जी महाराज ने धर्म सभा में कहा जब तक सनातन धर्म प्रभावशाली स्थिति में है, तभी तक भारत, भारत है । सनातन धर्म की मान्यता कभी भी विस्तारवादी नहीं रही है। इतिहास में एक भी ऐसा उदाहरण नहीं मिलेगा कि दुनिया में सनातन धर्मावलम्बियों ने किसी देश या वहाँ की संस्कृति पर आक्रमण किया हो, या कोई भी सनातन धर्म के कारण प्रताड़ित हुआ हो।

सनातनियों ने कभी नहीं किया आक्रमण
बल्कि सनातन धर्म, संस्कृति, परम्परा पर ही अनेकों प्रकार के आक्रमण हुए हैं, और सनातन धर्मावलम्बियों को ही बर्बर यातनाएं और प्रताड़नाएं सहनी पड़ी हैं । आज भी सनातन धर्म और संस्कृति को कमजोर बनाने का अभियान चल रहा है । सनातन धर्म और संस्कृति के केन्द्र हमारे साढ़े चार लाख मठ-मन्दिरों का अधिग्रहण कर सरकार ने उन पर कब्जा कर लिया है। सरकार मन्दिरों में चढ़ाये का धन को सनातनद्रोही अन्य तथाकथित धर्मों के प्रसार पर खर्च कर सनातनियों के धन का दुरुपयोग कर रही है। इसलिए सरकार सनातनी हिन्दुओं द्वारा दिये गए किसी भी प्रकार के (वह चाहे टैक्स हो या दान हो) धन का सदुपयोग केवल सनातन धर्म, संस्कृति के प्रचार-प्रसार एवम् सनातनी हिन्दुओं के कल्याण में ही करे, और तत्काल सनातन धर्म की आस्था के केन्द्र मठ-मन्दिरों को सरकारी नियन्त्रण से मुक्त कर सनातन धर्मावलम्बियों और सनातन धर्म के धर्माचार्यों को सौंप दे।

समान नागरिक संहिता कानून बनाया जाए
पूज्य शंकराचार्य जी महाराज ने यह भी कहा कि मठ-मन्दिरों को सरकारी नियन्त्रण से मुक्त करने के साथ ही साथ सरकार देश में समान शिक्षा नीति, समान नागरिक संहिता और जनसंख्या नियंत्रण कानून तत्काल प्रभाव से लागू करे ।

पूरी धरती हमारा परिवार है
स्वामी सुनील पुरी ने कहा कि सनातन धर्म में पूरे विश्व के कल्याण की कामना की है और वह हमेशा करता रहा है इसलिए हमने संपूर्ण धरती को अपना परिवार माना है। स्वामी बृजभूषणानन्द सरस्वती ने कहा कि राष्ट्र को यदि मजबूत बनाना है तो हमें सनातन धर्म को जन-जन तक पहुंचाना होगा भारत दुनिया में सबसे बड़ी शक्ति बनकर भले ही उभरे लेकिन भारत कभी किसी पर आक्रमण नहीं कर सकता ना किसी को प्रताड़ित और परेशान कर सकता है कि भारत की नीति सर्व कल्याण की है सभी के सुख और आनंद की है।

अपने बच्चों धर्म की दें शिक्षा
विनोद कुमार त्रिपाठी ने कहा कि नई पीढ़ी को धर्म की शिक्षा देनी जरूरी है कि धर्म जोड़ने का काम करता है और सनातन धर्म की एकमात्र ऐसा धर्म है जो सुख समृद्धि और शांति की कामना करता है। रमेश पाण्डेय, शिवानन्द जायसवाल तथा पण्डाल मे़ हजारों की संख्या में सनातनधर्मी श्रद्धालु उपस्थित थे।

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