धर्म की नगरी में परिवर्तित होगा धतुरिया (हवेली), श्रीराम महायज्ञ में सनातन का होगा जयघोष

सनातन धर्म की अलख जगाने के लिए हमारे धर्म गुरुओं ने भी हुंकार भर ली है गांव गांव जाकर धर्म की अलख जगा रहे हैं और लोगों को यह बताने का काम कररहे हैं कि यह समय सभी सनातनियों के एकजुट

सनातन धर्म की अलख जगाने के लिए हमारे धर्म गुरुओं ने भी हुंकार भर ली है। गांव गांव जाकर धर्म की अलख जगा रहे हैं और लोगों को यह बताने का काम कर रहे हैं कि यह समय सभी सनातनियों के एकजुट होने का है। हम सब मिलकर धर्म का जयघोष करें और संपूर्ण विश्व में सनातन धर्म की विजय पताका फहराने का काम करें। इसी निमित्त श्रीधाम वृंदावन से महामंडलेश्वर श्री श्री 1008 और मोरकुटी पीठाधीश्वर परम पूज्य श्री परमेश्वरदास त्यागी जी महाराज के सानिध्य में छह दिवसीय विशाल 21 कुंडीय श्रीराम महायज्ञ होने जा रहा है। पूज्य महाराज जी के आशीर्वाद से मध्य प्रदेश के विदिशा जिले के सागर रोड स्थित गांव धतुरिया (हवेली) धर्म की नगरी में परिवर्तित होने जा रहा है। 21 कुंडीय श्रीराम महायज्ञ में सनातन धर्म की जय जयकार होगी। महायज्ञ में श्रीराम कथा की अमृत वर्षा होगी। साथ ही रामलीला का भी मंचन होगा। 24 मई से प्रारंभ होने वाली इस महायज्ञ की तैयारियां जोरों पर है। पूज्य महाराज जी अपने भक्तों के साथ गांव धतुरिया पहुंच चुके हैं। क्योंकि विशाल महायज्ञ है इसलिए करीब एक महीने से महायज्ञ की तैयारी शुरू हो गई है। महायज्ञ की भव्यता और विशालता का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि इस महायज्ञ में उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, पंजाब, हरियाणा और उत्तराखंड समेत कई प्रदेशों से श्रद्धालु आने वाले हैं।

धर्म के लिए युवा पीढ़ी को आना होगा आगे

पूज्य परमेश्वर दास त्यागी महाराज जी ने कहा कि धर्म की रक्षा के लिए युवा पीढ़ी को आगे आने की जरूरत है। आज देखा जाता है कि तमाम धार्मिक कार्यक्रमों में बुजुर्ग शामिल होते हैं मगर अब युवाओं की आवश्यकता है। क्योंकि युवा धर्म की रक्षा करेंगे तो धर्म उनकी रक्षा करेगा। हमारे धर्म में भी कहा गया है धर्मो रक्षति रक्षिता। अब इसे हम सबको मिलकर सिद्ध भी करना है। पूज्य महाराज जी ने कहा इसीलिए यह विशाल महायज्ञ आयोजित किया गया है
 उन्होंने कहा कि आने वाले समय में भारतवर्ष सारी दुनिया का नेतृत्व करेगा। क्योंकि सनातन धर्म में ही इतनी शक्ति है जो संपूर्ण दुनिया को सुख और शांति की ओर ले जा सकता है। हमारे बड़े बड़े त्यागी ऋषियों ने विश्व के कल्याण की कामना के लिए कठोर तप और साधना की है। भगवान भोलेनाथ ने तो साक्षात विषपान कर लिया। लोक कल्याण का इससे बड़ा उदाहरण और कोई नहीं हो सकता। इसलिए विश्व की रक्षा के लिए सनातन धर्म बहुत जरूरी है। 

पूज्य देवरहा बाबा की है असीम कृपा 

पूज्य परमेश्वर दास त्यागी महाराज जी ने बताया कि पूज्य 
तपोनिष्ठ एवं प्रातः स्मरणीय
देवराहा बाबा जी की असीम कृपा है। उन्हीं के आशीर्वाद से यह महायज्ञ संपूर्ण होगा। हम सभी का गौरव है कि हमारी पावन पुनीत धरती पर पूज्य देवराहा बाबा जी जैसे तपोनिष्ठ संत त्वरित हुए। इसलिए 24 मई से प्रारंभ होने वाले इस महायज्ञ में जो भी श्रद्धालु आएंगे, उन्हें पूज्य देवराहा बाबा जी का आशीर्वाद जरूर मिलेगा। क्योंकि संत सदैव विद्यमान रहते हैं और धार्मिक आयोजन में उनका आशीर्वाद जरूर मिलता है।

24 से प्रारंभ होगा छह दिवसीय महायज्ञ

पूज्य परमेश्वर दास त्यागी महाराज जी ने बताया कि 24 मई से 21 कुंडीय श्रीराम महायज्ञ प्रारंभ होगा। पहले दिन विशाल कलश यात्रा निकाली जाएगी इसमें 200 के करीब वाहन होंगे और हजारों भक्तों का सैलाब होगा। इसकी भव्यता देखते ही बनेगी। 25 मई को देव पूजन, अग्नि स्थापना, हवन प्रारंभ होगा 26 और 27 मई को देव पूजन और हवन, 30 मई को देव पूजन पूर्णाहुति एवं भंडारा होगा।

महायज्ञ से पूर्ण होती है मनोकामना

पूज्य परमेश्वर दास त्यागी महाराज जी के शिष्य हरिओम दास और पायलट बाबा ने कहा कि महायज्ञ में शामिल होने से सभी मनोकामना पूर्ण होती है। क्योंकि जिस स्थान पर महायज्ञ होता है वहां पर सभी देवी देवता मौजूद हो जाते हैं। इसलिए जिन भक्तों तक यह आवाज पहुंचे वह जरूर इस महायज्ञ में शामिल हो और तन मन धन से सहयोग करें। 

महायज्ञ की तैयारी में जुटे संत

महायज्ञ की तैयारियों में संत भी जुट गए हैं विभिन्न स्थानों से धतुरिया पहुंचे संत दिन-रात तैयारी में लगे हुए हैं। श्री कौशल दास, श्री भरत दास, श्री मथुरा दास, श्री हरिओम दास, श्री उत्तम दास, श्री चित्रकूट दास महायज्ञ की तैयारियों में जुटे हुए हैं। उत्तम दास महाराज ने बताया कि विदिशा के समस्त क्षेत्रवासियों का भी पूर्ण सहयोग मिल रहा है।